गोंडा। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली से लेकर राज्यों तक, यूजीसी बिल (UGC Bill) पर मचे घमासान के बीच अब गोंडा जिले में भी सियासी पारा चढ़ गया है। आजाद समाज पार्टी (ASP) ने इस बिल के समर्थन में एक विशाल प्रदर्शन का आयोजन किया, जिसमें हजारों की संख्या में कार्यकर्ताओं ने हिस्सा लिया। कार्यकर्ताओं ने डॉ. भीमराव अंबेडकर चौराहे से लेकर कलेक्ट्रेट तक एक बड़ा मार्च निकाला और बिल को तत्काल लागू करने की मांग को लेकर एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
सुप्रीम कोर्ट की रोक के बावजूद समर्थन
यह प्रदर्शन ऐसे समय में हुआ है जब सुप्रीम कोर्ट ने यूजीसी बिल के नए कानून पर रोक लगा रखी है। इसके बावजूद आजाद समाज पार्टी और भीम आर्मी के कार्यकर्ता पूरे जोश में नजर आए। प्रदर्शनकारी हाथों में डॉ. भीमराव अंबेडकर, सम्राट अशोक और "वी सपोर्ट यूजीसी बिल" लिखे पोस्टर लिए हुए थे, जो उनकी मांगों और विचारधारा को दर्शा रहे थे।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
किसी भी अप्रिय घटना या भीड़ को नियंत्रित करने के लिए पुलिस प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए थे। भारी संख्या में पुलिस बल तैनात था और पूरे धरना प्रदर्शन पर लगातार नजर रखी जा रही थी। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए कुछ कार्यकर्ताओं को पहले ही रोक लिया गया था।
ASP और भीम आर्मी की दो टूक चेतावनी
आजाद समाज पार्टी के जिलाध्यक्ष मोहित भारती ने इस दौरान मीडिया से बात करते हुए कहा कि भारत सरकार और सभी राज्य सरकारों को इस कानून को तत्काल प्रभाव से लागू करना चाहिए। उन्होंने यूजीसी बिल को "बहुत अच्छा कानून" बताते हुए चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो वे इससे भी बड़ा और व्यापक आंदोलन शुरू करेंगे।
भीम आर्मी के जिलाध्यक्ष शिवम भारती ने भी प्रदर्शन में अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि कुछ ऐसे तत्व हैं जो अभी भी पुरानी रूढ़िवादी परंपराओं को जारी रखना चाहते हैं, और यही वजह है कि वे इस प्रगतिशील बिल का विरोध कर रहे हैं। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट से नए कानून पर लगी रोक को तत्काल हटाने की अपील की और जोर देकर कहा कि यह कानून तुरंत लागू होना चाहिए।