हापुड़: पिलखुवा में नगर पालिका द्वारा एसटीपी (STP) प्लांट के निर्माण को लेकर भारी विरोध शुरू हो गया है। शैलेश फार्म स्थित इस प्लांट की जमीन पर जैसे ही निर्माण कार्य शुरू हुआ, बड़ी संख्या में स्थानीय लोग सड़कों पर उतर आए और काम रुकवा दिया। ग्रामीणों का दावा है कि यह जमीन लंबे समय से मृत बच्चों को दफनाने के लिए आरक्षित रही है और यहाँ प्लांट बनाना उनकी धार्मिक परंपराओं और भावनाओं के खिलाफ है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि जब तक इस भूमि की निष्पक्ष जांच नहीं होती, तब तक निर्माण कार्य बंद रखा जाए।
दूसरी ओर, नगर पालिका के अधिशासी अधिकारी इंद्रपाल सिंह का कहना है कि यह भूमि पालिका की चारदीवारी के भीतर आती है और शासन से स्वीकृति मिलने के बाद ही यहाँ जल निगम के प्लांट का कार्य शुरू कराया गया है। अधिकारी के अनुसार, पिछले कई वर्षों में यहाँ किसी बच्चे को दफनाए जाने का कोई आधिकारिक रिकॉर्ड मौजूद नहीं है। हालांकि, ग्रामीणों के कड़े विरोध और हंगामे को देखते हुए फिलहाल मौके पर तनावपूर्ण स्थिति बनी हुई है। प्रशासन ने लोगों को समझाने का प्रयास किया है, लेकिन ग्रामीण अपनी मांग पर अड़े हुए हैं।