अबु धाबी में अब नए ड्राइवरों को गाड़ी सिखाने के लिए बगल वाली सीट पर कोई इंसान नहीं, बल्कि 'आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस' (AI) यानी रोबोटिक इंस्ट्रक्टर बैठा होगा। अबु धाबी पुलिस ने एक बेहद आधुनिक स्मार्ट सिस्टम पेश किया है, जो ड्राइविंग सीखने वाले छात्रों को ट्रेनिंग देगा। इस गाड़ी में कई तरह के हाई-टेक सेंसर्स और कैमरे लगे होंगे, जो ड्राइवर की हर हरकत पर नज़र रखेंगे। यह AI सिस्टम न केवल यह बताएगा कि आप गाड़ी सही चला रहे हैं या नहीं, बल्कि आपकी छोटी से छोटी गलती—जैसे कि इंडिकेटर न देना या ब्रेक सही समय पर न लगाना—पर तुरंत फीडबैक भी देगा।
इस नई तकनीक का सबसे बड़ा मकसद ड्राइविंग टेस्ट और ट्रेनिंग में पक्षपात को खत्म करना और सड़क सुरक्षा को और बेहतर बनाना है। इंसानी ट्रेनर कभी-कभी छोटी गलतियों को नज़रअंदाज़ कर सकते हैं, लेकिन यह स्मार्ट सिस्टम पूरी तरह से निष्पक्ष होकर डेटा के आधार पर नतीजे देगा। इससे ट्रेनिंग लेने वाले छात्रों को अब बिना किसी घबराहट के एक डिजिटल ट्रेनर के साथ गाड़ी सीखने का मौका मिलेगा। अबु धाबी का लक्ष्य साल 2026 तक अपने ट्रांसपोर्ट सिस्टम को पूरी तरह डिजिटल और स्मार्ट बनाना है, ताकि सड़कों पर होने वाले हादसों को कम से कम किया जा सके।