मंगलवार, 17 मार्च 2026
अंतर्राष्ट्रीय

मिडिल ईस्ट के सुपरपावर ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की हत्या, तेहरान का 27 अमेरिकी ठिकानों पर हमला

By Uttar World Desk

01 मा, 2026 | 01:51 बजे
मिडिल ईस्ट के सुपरपावर ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनेई की हत्या, तेहरान का 27 अमेरिकी ठिकानों पर हमला

तेहरान/वॉशिंगटन: 28 फरवरी 2026 की रात इतिहास की उन पन्नों में दर्ज हो गई है, जिसने दुनिया को एक बड़े युद्ध की दहलीज पर ला खड़ा किया है। अमेरिका और इजरायल के एक संयुक्त सैन्य ऑपरेशन में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई और उनके शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों के मारे जाने की पुष्टि हुई है। इस घटना के बाद ईरान ने 'बदले' की आग में पूरे मध्य पूर्व को झोंक दिया है।

खामेनेई की मौत: अमेरिकी और इजरायली हमलों में सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत ने ईरान के सत्ता ढांचे को हिला दिया है। ईरान सरकार ने 40 दिनों के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है।

ईरान का 'ऑपरेशन बदला': रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने घोषणा की है कि उसने मध्य पूर्व में स्थित 27 अमेरिकी सैन्य ठिकानों और तेल अवीव (इजरायल) में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया है।

बड़ा मानवीय संकट: ईरानी राज्य मीडिया के अनुसार, हमलों में अब तक 200 से अधिक लोगों के मारे जाने की सूचना है। दक्षिणी ईरान के मिनाब में एक लड़कियों के स्कूल पर हमले में दर्जनों मासूम बच्चों की मौत ने वैश्विक आक्रोश पैदा कर दिया है।

ईरान ने केवल इजरायल ही नहीं, बल्कि उन अरब देशों पर भी हमले किए हैं जो अमेरिकी संपत्तियों की मेजबानी करते हैं:

यूएई: दुबई और अबू धाबी के हवाई अड्डों पर मिसाइलें और ड्रोन दागे गए। दुबई का जैबेल अली बंदरगाह धुआं-धुआं हो गया है।

कतर: दोहा के औद्योगिक क्षेत्र में मिसाइल के टुकड़े गिरने से आग लग गई।

पाकिस्तान: कराची में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास (Consulate) के बाहर हिंसक विरोध प्रदर्शन हुए, जिसमें 6 लोगों की मौत की खबर है।

भारत (कश्मीर): श्रीनगर समेत कई हिस्सों में शिया समुदाय ने खामेनेई की हत्या के विरोध में प्रदर्शन किए और अमेरिका-इजरायल के खिलाफ नारेबाजी की।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि ईरान ने और हमले किए, तो उसे "ऐसी ताकत से मारा जाएगा जो पहले कभी नहीं देखी गई।" पेंटागन ने अपनी सैन्य तैयारियों को तेज कर दिया है, जबकि इजरायल ने दावा किया है कि उसने पिछले 24 घंटों में ईरान पर 1,200 से अधिक बम गिराए हैं।

पूरे क्षेत्र का हवाई क्षेत्र बंद कर दिया गया है। कतर एयरवेज और अन्य बड़ी एयरलाइनों ने उड़ानों को अस्थायी रूप से निलंबित कर दिया है। तेल की आपूर्ति श्रृंखला पर मंडराते खतरे के कारण शेयर बाजारों में भारी अनिश्चितता है।

ईरान में अब 'अंतरिम परिषद' (Interim Council) सत्ता चला रही है, जिसमें राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन शामिल हैं। वे तब तक शासन करेंगे जब तक नया सुप्रीम लीडर नहीं चुना जाता।

Uttar World News on Facebook

खबरों की पल-पल की अपडेट के लिए हमारे फेसबुक पेज को अभी लाइक करें।

अभी Like करें