न्यूज़ डेस्क : अमेरिका और इजरायल द्वारा ईरान पर शुरू किए गए 'ऑपरेशन एपिक फ्यूरी' (Operation Epic Fury) का आज 12वां दिन है। युद्ध की विभीषिका अब बेकाबू हो चुकी है। ईरान ने दावा किया है कि पिछले 12 दिनों में उसके 10,000 से ज्यादा नागरिक ठिकानों पर बमबारी की गई है, जिसमें 1,300 से अधिक निर्दोष लोग मारे गए हैं। UttarWorld News की इस विशेष रिपोर्ट में पढ़ें आज के युद्ध का पूरा घटनाक्रम।
तेहरान में तबाही और 'काली बारिश' का कहर
बीती रात तेहरान के मेहराबाद एयरपोर्ट और कई रिहायशी इलाकों पर भीषण बमबारी हुई। इजरायली विमानों ने तेहरान के 8 अलग-अलग जिलों में धमाके किए। युद्ध के बीच अब एक नया संकट 'काली बारिश' (Black Rain) के रूप में सामने आया है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने चेतावनी दी है कि ईरान के तेल डिपो में लगी आग से निकलने वाले जहरीले धुएं ने बादलों के साथ मिलकर तेजाबी और काली बारिश शुरू कर दी है, जो स्वास्थ्य के लिए बेहद खतरनाक है।
ईरान का पलटवार: इजरायल और खाड़ी देशों पर मिसाइलों की बौछार
ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने अपने 'खुर्रमशहर' (Khoramshahr) मिसाइलों से जवाबी हमला किया है। यह हमला लगातार 3 घंटे तक चला, जिसमें इजरायल के तेल अवीव, हाइफ़ा और यरुशलम को निशाना बनाया गया। इतना ही नहीं, ईरान ने कुवैत, कतर और यूएई (UAE) में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर भी मिसाइलें दागी हैं। यूएई ने 26 ड्रोन गिराने का दावा किया है, लेकिन कुछ रिहायशी इलाकों में गिरने से नुकसान हुआ है।
अमेरिका में राजनीतिक घमासान: "Epic Mistake"?
वाशिंगटन में ट्रंप सरकार की इस युद्ध नीति पर सवाल उठने लगे हैं। अमेरिकी सीनेट के डेमोक्रेट्स ने इस युद्ध को "Operation Epic Mistake" बताते हुए सार्वजनिक सुनवाई की मांग की है। अब तक इस युद्ध में 7 अमेरिकी सैनिक मारे गए हैं और 140 से ज्यादा घायल हुए हैं। साथ ही, एक ईरानी गर्ल्स स्कूल पर हुए हमले की जांच भी चल रही है जिसमें 175 छात्राओं की मौत हुई थी; शुरुआती सबूतों में वहां अमेरिकी मिसाइल के अवशेष मिलने का दावा किया गया है।
वैश्विक तेल संकट: होर्मुज जलडमरूमध्य में 90% ट्रैफिक बंद
ईरान ने धमकी दी है कि वह होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) को पूरी तरह बंद कर देगा। यहाँ तेल टैंकरों की आवाजाही पहले ही 90% कम हो चुकी है। यूएई की सबसे बड़ी रिफाइनरियों में से एक 'रुवैस' (Ruwais) को एहतियातन बंद कर दिया गया है। इसके चलते दुनिया भर में ईंधन की कीमतों में भारी उछाल आने की आशंका है।
ईरान की आंतरिक स्थिति: प्रदर्शनकारी अब 'दुश्मन'
ईरान के पुलिस प्रमुख ने साफ कर दिया है कि देश के भीतर युद्ध का विरोध करने वालों या विदेशी ताकतों का समर्थन करने वालों को 'प्रदर्शनकारी' नहीं, बल्कि 'दुश्मन' माना जाएगा और उनके साथ सख्ती से निपटा जाएगा।