यरूशलेम/दमिश्क: इजरायल और सीरिया के बीच सीमा पर तनाव एक बार फिर चरम पर पहुंच गया है। इजरायली सेना (IDF) ने आधिकारिक पुष्टि की है कि उसने दक्षिण सीरिया में स्थित सीरियाई सेना के कई सैन्य कैंपों पर भीषण बमबारी की है। इजरायल का दावा है कि यह कार्रवाई 'द्रूज समुदाय' पर हुए हालिया हमलों के जवाब में की गई है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों में दक्षिणी क्षेत्र में रहने वाले द्रूज अल्पसंख्यकों को निशाना बनाकर हमले किए गए थे। इजरायल इन हमलों के पीछे सीरियाई सेना और उसके समर्थित गुटों का हाथ मान रहा है। इजरायली रक्षा मंत्रालय ने साफ किया है कि अपनी सीमाओं और अपने नागरिकों (जिनमें द्रूज समुदाय भी शामिल है) की सुरक्षा के लिए वह किसी भी हद तक जाने को तैयार है।
सीरिया की जवाबी चेतावनी: वहीं, सीरियाई मीडिया ने इस एयरस्ट्राइक को अपनी संप्रभुता का उल्लंघन बताया है। दमिश्क ने आरोप लगाया है कि इजरायल क्षेत्र में अस्थिरता पैदा करने के लिए जानबूझकर उकसावे वाली कार्रवाई कर रहा है। हमले में हुए नुकसान की सटीक जानकारी अभी सामने नहीं आई है, लेकिन सैन्य कैंपों को भारी क्षति पहुंचने की खबर है।
वैश्विक तनाव: इस ताजा हमले के बाद संयुक्त राष्ट्र और अन्य वैश्विक शक्तियों ने दोनों देशों से संयम बरतने की अपील की है। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि अगर यह सिलसिला जारी रहा, तो लेबनान और ईरान भी इस संघर्ष में सीधे तौर पर कूद सकते हैं। उत्तर वर्ल्ड (Uttar World) इस अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम की हर छोटी-बड़ी अपडेट आप तक पहुंचाता रहेगा।