उत्तर प्रदेश की राजनीति के लिए आज का दिन बेहद सरगर्मियों भरा रहा। लखनऊ स्थित विधान भवन में आज से यूपी विधानसभा के बजट सत्र की शुरुआत हो गई। सत्र की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण के साथ हुई, लेकिन सदन के भीतर और बाहर माहौल काफी गरमाया रहा। जहाँ एक तरफ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विकास और सुशासन के एजेंडे पर अपनी बात रखी, वहीं दूसरी ओर विपक्षी दलों ने सरकार को घेरने के लिए जबरदस्त मोर्चाबंदी की। सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष के सदस्य हाथों में तख्तियां लेकर प्रदर्शन करने लगे, जिससे माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया।
इस सत्र के दौरान योगी सरकार अपना अब तक का सबसे बड़ा बजट पेश करने की तैयारी में है, जिसमें बुनियादी ढांचे (Infrastructure) और महिला सुरक्षा पर विशेष जोर दिया जा सकता है। विपक्ष ने मुख्य रूप से बेरोजगारी, महंगाई और किसानों की समस्याओं को लेकर सरकार पर तीखे हमले किए। विपक्षी नेताओं का कहना है कि सरकार जनता के असल मुद्दों से ध्यान भटका रही है। वहीं सरकार की ओर से दावा किया गया कि यूपी विकास के पथ पर तेजी से आगे बढ़ रहा है और यह बजट राज्य की अर्थव्यवस्था को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा।
दोनों पक्षों के बीच जारी इस 'शब्द युद्ध' को देखते हुए माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में बजट सत्र काफी हंगामेदार रहने वाला है। बजट सत्र की इस शुरुआत ने यह साफ कर दिया है कि सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच आगामी विधानसभा चुनाव की आहट अब सदन के भीतर साफ तौर पर सुनाई देने लगी है। जनता की नजरें अब उन घोषणाओं पर टिकी हैं, जो इस बजट के जरिए सरकार करने वाली है।